मुंगेली पुलिस अलर्ट मोड पर: किरायेदारों का सत्यापन अनिवार्य, संदिग्धों पर रहेगी कड़ी नजर…

मुंगेली। जिले में कानून-व्यवस्था को और मजबूत बनाने तथा अवैध गतिविधियों पर प्रभावी अंकुश लगाने के लिए वरिष्ठ पुलिस अधीक्षक भोजराम पटेल ने शनिवार को जिले के सभी राजपत्रित अधिकारियों, थाना-चौकी प्रभारियों और साइबर सेल की बैठक लेकर सख्त निर्देश जारी किए।
बैठक में सभी मकान मालिकों के लिए किरायेदारों का पुलिस सत्यापन अनिवार्य करने पर जोर दिया गया। साथ ही छत्तीसगढ़ पुलिस के “समाधान एप” में पंजीयन कर राज्य और अन्य राज्यों से आने वाले किरायेदारों की जानकारी दर्ज करने के निर्देश दिए गए। थाना और चौकी प्रभारियों को क्षेत्र के मकान मालिकों को जागरूक करने तथा आवश्यकता पड़ने पर नोटिस जारी करने के निर्देश भी दिए गए हैं।
फेरीवालों और बाहरी लोगों की होगी जांच
एसएसपी ने निर्देश दिए कि ग्राम कोटवारों के माध्यम से क्षेत्र में आने वाले फेरीवालों की पहचान, आधार कार्ड व अन्य दस्तावेजों का सत्यापन किया जाए। साथ ही बाहरी व्यक्तियों को संबंधित थाना में मुसाफिरी दर्ज कराने के बाद ही क्षेत्र में भ्रमण करने की अनुमति दी जाए।
ढाबा, होटल और उद्योगों पर भी निगरानी
जिले के सभी औद्योगिक संस्थानों, ढाबों, लॉज और होटलों में कार्यरत कर्मचारियों तथा ठहरने वाले पर्यटकों एवं आगंतुकों की प्रतिदिन “समाधान एप” में जानकारी दर्ज करना अनिवार्य किया गया है।
आमजन से सहयोग की अपील
मुंगेली पुलिस ने नागरिकों से अपील की है कि यदि उनके आसपास कोई संदिग्ध या बाहरी व्यक्ति दिखाई दे, या किसी के अवैध गतिविधियों में शामिल होने की आशंका हो, तो इसकी सूचना तुरंत टोल-फ्री नंबर 1800-233-1905 पर दें। वहीं अवैध हथियार, नशे के कारोबार जैसी गतिविधियों की जानकारी पुलिस कंट्रोल रूम 9479193044 पर तथा साइबर ठगी की शिकायत तत्काल 1930 पर दर्ज कराने की अपील की गई है।
मुंगेली पुलिस अब बाहरी प्रवासी, किरायेदारों और संदिग्ध गतिविधियों पर विशेष नजर रखेगी। मकान मालिकों के लिए किरायेदारों का सत्यापन और “समाधान एप” में पंजीयन अनिवार्य किया गया है। पुलिस ने आम लोगों से भी सतर्क रहने और संदिग्ध गतिविधियों की तत्काल सूचना देने की अपील की है।





