मृत घोषित कर दो बुजुर्ग आदिवासी महिलाओं का राशन बंद, परिवार के सामने भूख संकट..

रविवार 11 जनवरी 2026 – मुंगेली जिले के लोरमी क्षेत्र में बड़ा लापरवाही का मामला सामने आया है, जहां दो बुजुर्ग आदिवासी महिलाओं—70 वर्षीय सहबीन बैगा (खुड़िया) और सूरजबाई (बंधवा)—को सरकारी ऑनलाइन रिकॉर्ड में मृत दिखा दिया गया। नाम कटने के बाद दोनों महिलाओं को महीनों से राशन का आवंटन नहीं मिल रहा था, जिससे परिवार भोजन के संकट से जूझ रहा है।
सहबीन बैगा को चार महीने से एक दाना राशन नहीं मिला, मजबूरी में वह गांव वालों से चावल मांगकर गुजारा कर रही थीं। कई बार सरपंच, सचिव और संचालक को जानकारी देने के बाद भी समस्या जस की तस रही। खबर मिलते ही प्रशासन ने सहबीन के घर दो बोरी चावल और नमक पहुंचाया।
इसी तरह बंधवा गांव की सूरजबाई का नाम भी ऑनलाइन सिस्टम में मृत दर्ज है। राशन दुकान में उनका कोई रिकॉर्ड नहीं होने से उन्हें न राशन मिल पा रहा है और न ही वृद्धा पेंशन का लाभ।
परिवार भी योजनाओं से वंचित
सहबीन की दोनों बेटियों को भी सरकारी योजनाओं का लाभ नहीं मिला है—न विधवा पेंशन, न महतारी वंदन योजना।
एसडीएम अजीत पुजारी ने मामले को संज्ञान में लेते हुए बताया कि खुड़िया की महिला का राशन पुनः शुरू करा दिया गया है और बंधवा की सूरजबाई के दस्तावेज सुधार की प्रक्रिया जारी है।



