
लोरमी/वनांचल- 14 जुलाई 2025
एटीआर के सुदूर वनाचंल क्षेत्र के बफर क्षेत्र के सुरही के भुरकुंन बेरियर से कुछ किलो मीटर के दूरी में ग्राम जमुनाही के दो किसानों के दो मवेशियों को हिंसक जानवर ने शिकार बनाया है। पीड़ितो ने ह मुवायजा राशि मांग किया है। मिली जानकारी के अनुसार एटीआर के बफर क्षेत्र के कक्ष क्र. 534 एवं कक्ष क्र.527 का है, 6 जुलाई को पीड़ित ग्राम जमुनाही निवासी राजू यादव एवं नीलकंठ यादव के मवेशी जंगल में रोज की तरह चारा की तलाश में चरने निकले थे लेकिन शाम होने के बाद दोनो ग्रामीणों के दो मवेशी वापास नही आने पर ग्रामीणों द्वारा उसकी खोज की गई तब अगले दिन शाम तक ग्रामीणों ने अलग अलग जगहों पर अपने मवेशी की मृत शरीर को देखा, जिसका शिकार हिंसक जानवर द्वारा किया गया था। उक्त हिंसक प्राणी ने उस वक्त तक उसे आधा खाकर छोड़ दिया था, तत्पश्चात ग्रामीणों ने इसकी सूचना वनविभाग के पैदल गार्ड एवं बिट गार्ड की दिन सूचनार्थ के बाद पैदल गार्ड बाल कुमार ने घटना स्थल पर पहोचकर मवेशी के मृत शरीर एवं बाघों के पद चिन्ह का फोटो लेकर आगे अधिकारी को इसकी सूचना दूंगा कहकर वहां से चला गया।
गौतलब है, कि उक्त मवेशी एक दूध देंने वाली जानवर थी, इससे किसानों का जीवनयापन चलता था। इसलिये उनका परिस्थितियों को देखते हुए मुवायजा प्रदान किया जाए। नजदीक ग्राम के ग्रामीणों के जानवर अक्सर बीहड़ जंगलो में घास के चक्कर मे चले जाते है, और भूखे हिंसक प्राणियों के आहार बन जाते है। इस वक्त एटीआर में विभिन्न प्रजातियों के प्राणी स्वक्षन्द विचरण करते है, जिनमें बाघ, तेंदुआ, सोनकुत्ता, लकड़बघ्घा आदि सामिल है। ग्रामीणों को मुवायज़े के लिए किसी भी प्रकार का कोई ठोस कार्यवाही नही किया गया है।




ग्रामीणों ने आरोप लगया है, कि बिट गार्ड कमलेश साहू एवं भगत मरकाम इस विषय पर घटना की जानकारी देर से दिए हो करके बोलकर चले गए।
उन्होंने ने बताया कि ग्रामीणों ने तुरंत ही इसकी जानकारी वनविभाग को दिये थे। पीड़ित ग्रामीणों ने विभाग से प्रकरण में उन्होंने ने बताया कि ग्रामीणों ने तुरंत ही इसकी जानकारी वनविभाग को दिये थे। पीड़ित ग्रामीणों ने विभाग से प्रकरण में जल्द ही उनकी क्षतिपूर्ति मुवायजा राशि देने की मांग किये है।एटीआर के बफर जोन के एसडीओ मानवेन्द्र सिंह ने कहा कि मामले में जांच करवाकर जल्द ही पीड़ितों को विधिवत मुवायजा राशि प्रदान किया जायेगा।





